Home

जीवन का सफर किस्से कहानियो के संग…

Advertisements

Latest stories…

समिधा – 58

समिधा – 58      आते आते आखिर वो दिन भी आ गया। आज से पारो और उसकी सखियों की परीक्षाएं शुरू थी। सविता सुबह से कृष्ण मंडप में बैठी बस भगवान से खुद को पास करवा देने की प्रार्थना में लगी थी।   अपना ज़रूरी सामान अपने झोले में डाल पारो … “समिधा – 58”पढ़ना जारी रखें

समिधा -57

            समिधा – 57     वक्त को बीतते वक्त नहीं लगता!! वह यह नहीं देखता कि आप उसके साथ भाग पा रहे हैं, या नहीं लेकिन उसे अपनी गति से आगे बढ़ना ही है! अगर आप उसके साथ दौड़ने में सक्षम हैं, तो आप सफल हैं। लेकिन अगर आप उसके … “समिधा -57”पढ़ना जारी रखें

दिल से…

एहसासों से रंगों को चुराकरलफ़्ज़ों के मोतियाँ पिरोकरगुनती हूँ कुछ किस्सों को यूँबिना क्लिक तस्वीर बनाकर शहद सी मीठी कोई कहानीकहीं दर्द की बहती रवानीबूंद बूंद में ढकीं मूंदी सीपोटली बादलों का पानी। गंगा के पानी सी पावनकभी लगे रिमझिम मनभावनआप सभी की समीक्षाएँ भीऊसर में जैसे हो सावन ।। … “दिल से…”पढ़ना जारी रखें

समिधा -56

समिधा – 56    प्रशांत वरुण का हाथ थामे अंदर ऑफिस में दाखिल हो गया। उन दोनों के अंदर पहुंचते ही डॉक्टर के साथ ही श्रेया और पारो की भी आंखें उन दोनों की तरफ उठ गई।    वरुण यह सोच सोच कर हैरान हो रहा था कि उसके इस तरह … “समिधा -56”पढ़ना जारी रखें

समिधा – 55

समिधा -55    आश्रम एक बार फिर अपनी लय में चलने लगा। पूजा पाठ आरती प्रवचन सभी अपने तयशुदा समय पर पूरे होते चले जाते।  भगिनी आश्रम की कन्याओं का पाठशाला का मार्ग भी प्रशस्त हो चुका था।    पारोमिता अपने तीन अन्य साथियों के साथ पूरे उत्साह से स्कूल जाने … “समिधा – 55”पढ़ना जारी रखें

समिधा -54

समिधा -54 डॉक्टर के केबिन में बैठी पारो को डॉक्टर ने सारी ज़रूरी बातें समझा दीं। “अच्छा इसका मतलब अगर किसी का ऑपरेशन करना सीखना है तो उसके लिए तीन साल और पढना पड़ता है?” “जी हाँ !  पहले पांच साल एम बी बी एस करना पड़ता है फिर 1 … “समिधा -54”पढ़ना जारी रखें

समिधा -53

समिधा – 53 हंसते खिलखिलाते बातों में कब समय बीतता गया उन लोगों को पता ही नहीं चला। रात नर्स ने आकर उन लोगों को याद दिलाया कि रात के समय एक बहुत जरूरी गोली वरुण को देनी है… और याद दिला कर वह चली गई । जाते जाते उसने … “समिधा -53”पढ़ना जारी रखें

समिधा – 52

समिधा – 52      पद्मजा दीदी को अच्छा तो नही लगा लेकिन उदयाचार्य जी के खिलाफ जाकर पारो को साथ ले जाने की उनकी हिम्मत नही थी।    चेहरे पर गुस्से के भाव लिए वो वहाँ से चली गयी।  उनके चेहरे के भाव देख वरुण भी पल भर को घबरा गया … “समिधा – 52”पढ़ना जारी रखें

समिधा – 51

  समिधा -51     अस्पताल में वरुण को होश आ गया था लेकिन उसकी हालत अब भी बहुत स्थिर नहीं थी ।डॉक्टर उसकी अलग अलग तरह की जांच में लगे थे। प्रशांत रात भर से उसके पास बैठा था ।   सुबह तक में वरुण की हालत थोड़ी सुधर चुकी थी। … “समिधा – 51”पढ़ना जारी रखें

समिधा- 50

समिधा – 50      और लगभग दस मिनट बाद सरोवर की तरफ से छपाक की आवाज़ आई।   उसके आसपास बैठे सभी लोग सामान्य ढंग से बैठे खाते रहे,जैसे किसी ने उस आवाज़ को सुना ही न हो लेकिन वरुण का मन तो सरोवर की ओर ही लगा था,  वो एकदम … “समिधा- 50”पढ़ना जारी रखें

लोड हो रहा है…

Something went wrong. Please refresh the page and/or try again.

Advertisements

Get new content delivered directly to your inbox.